Header Ads

ads header

Breaking News

2018 के चुनाव को जिताने वाला होगा मप्र का बजट

madhya pradesh budget 2017-18

1 मार्च को विधानसभा में पेश होगा प्रदेश का बजट
लोगों के विश्वास जीतने के लिए पुरानी योजनाओं को करना होगा पूरा
कई विभागों के बजट में कटौती की संभावना

दीपक राय, भोपाल। एक मार्च को मध्य प्रदेश का बजट आने वाला है। सरकार ने इसकी पूरी तैयारियां कर ली है। इस बार बजट में क्या होगा यह तो बजट आने के बाद ही पता चलेगा, लेकिन सूत्रों का कहना है कि विधानसभा में पेश होने वाले 2017-18 के बजट में नई योजनाएं नहीं आएंगी क्योंकि सरकार की कोशिश रहेगी कि मुख्यमंत्री शिवराजसिंह द्वारा की गई घोषणाओं को अभी अमल में लाना है। बताया जा रहा है कि इसमें घोषणाओं पर आधारित करीब 206 नई योजनाएं शामिल की गई हैं। सरकार की कोशिश इन्हें अप्रैल 2018 से पहले पूरा करने की है, ताकि चुनाव अभियान में लोगों को बताया जा सके कि सरकार ने अपने वादे पूरे किए हैं। मुख्यमंत्री अपने योजनाओं को जमीनी स्तर तक पहुंचाने के लिए हर संभव कोशिश में जुटे हुए हैं। शिवराज ङ्क्षसह चौहान द्वारा जो भी नई योजनायें लाई जाएंगी वे सभी जनहितैषी के साथ-साथ ग्रामीणों को ध्यान में रखकर बनाई गई हैं।
बजट को लेकर विभागों के साथ राज्य योजना आयोग की बैठकों में भी मुख्यमंत्री की घोषणाओं को पूरा करने पर ही सहमति बनी है। वर्ष 2018 में जो बजट आएगा,वो चुनावी होगा और सरकार को काम करने के लिए समय कम मिलेगा। बताया जाता है कि कैबिनेट में कुछ मंत्रियों ने कम बजट देने की बात उठाई थी तब मुख्यमंत्री का कहना था कि राशि की कमी नहीं है पर औचित्य बताना होगा। इस बात के पीछे शिवराज सिंह चौहान की सोच थी कि कि अभी विभाग बजट का आवंटन ज्यादा करा लेते हैं, लेकिन उपयोग नहीं कर पाते, ऐसे में  30 से 35 फीसदी बजट सरेंडर कर दिया जाता है। जो विभाग बजट खर्च नहीं कर पाएंगे, उनका बजट ही कम कर दिया जाएगा।

आम आदमी के लिए आएंगी ये योजनाएं
हर किसी को घर
जिस प्रकार नरेंद्र मोदी प्रधानमंत्री आवास योजना लागू कर चुके हैं उसी प्रकार

मुख्यमंत्री भी गरीबों के लिए कुछ योजना ला सकते हैं। मुख्यमंत्री नगरीय और ग्रामीण क्षेत्र में आवास योजना को लेकर कई बार घोषणा कर चुके हैं। बजट में नगरीय विकास, पंचायत एवं ग्रामीण विकास, पुलिस मुख्यालय और सहकारिता विभाग ने आवास योजनाएं प्रस्तावित की हैं।

हर इंसान को भरपेट भोजन
दीनदयाल रसोई योजना के तहत मुख्यमंत्री एक अप्रैल से एक लाख की आबादी वाले नगरीय क्षेत्रों में इस योजना शुरू करने की घोषणा कर चुके हैं। इसमें पांच रुपए में गरीबों को भरपेट भोजन कराया जाएगा।

महिलाओं के लिए
लालिमा योजना से महिलाओं को ध्यान रखा जायेगा। इसमें महिलाओं व किशोरियों में खून की कमी दूर करने के लिए दवाएं दी जा रही हैं। महिला एवं बाल विकास मंत्री अर्चना चिटनिस योजना लागू कर चुकी हैं।

वनवासियों के लिए
मुख्यमंत्री करीब तीन माह पहले दीनदयाल वनांचल सेवा योजना का शुभारंभ कर चुके हैं। इस योजना को आगे बढ़ाने पर उनका खास जोर रहेगा। इसमें दूरस्थ ग्रामों में इलाज, पढ़ाई सहित अन्य सुविधाएं मुहैया कराई जाएंगी।

सहकार के साथ बढ़ेंगे आगे
सहकार परिसर सहकारिता राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) विश्वास सारंग ने पद संभालते ही भोपाल सहित संभागीय मुख्यालयों में सहकार परिसर बनाने की घोषणा की थी। विभाग इस योजना को बजट में लेकर आ रहा है। इसी तरह कमजोर सहकारी बैंकों को आर्थिक मदद देने की घोषणा पूरी करने भी योजना लाई जा रही है।

स्वास्थ्य के लिए
अस्पतालों-मेडिकल कॉलेजों में बर्न यूनिट बनाने केंद्र सरकार ने राज्यों से प्रस्ताव बुलाए थे। चिकित्सा शिक्षा विभाग ने इसे बजट में शामिल करने का प्रस्ताव दिया है।
दीपक राय, , २६ फरवरी
००००००

No comments